राजकीय महाविद्यालय लमगड़ा में एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन।
“समानता और शिक्षा” विषय पर जागरुक एवं सक्षम समाज के निर्माण पर जोर।
लमगड़ा (अल्मोड़ा)। राजकीय महाविद्यालय लमगड़ा के शिक्षाशास्त्र विभाग एवं भारत ज्ञान विज्ञान समिति अल्मोड़ा के संयुक्त आयोजन में “समानता और शिक्षा: सक्षम एवं जागरुक युवा समाज की नींव” विषय पर एक दिवसीय सेमिनार का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं अतिथि स्वागत समारोह के साथ गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. कमरुद्दीन, मुख्य वक्ता प्रो. विजया रानी ढौंडियाल एवं अन्य विशिष्ट अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर ससम्मान स्वागत एवं अभिनंदन किया गया।
कार्यक्रम के संयोजक एवं आयोजक सचिव डॉ. हेमन्त कुमार बिनवाल द्वारा स्वागत भाषण प्रस्तुत किया गया, जिसमें उन्होंने सेमिनार की प्रासंगिकता, उद्देश्य एवं वर्तमान समय में शिक्षा में समानता की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।
इस अवसर पर मुख्य वक्ता के रुप में उपस्थित प्रो. विजया रानी ढौंडियाल ने अपने उद्बोधन में समानता, शिक्षा एवं सामाजिक जागरुकता से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तारपूर्वक विचार व्यक्त किए। उन्होंने समानता को एक सशक्त एवं समावेशी समाज की आधारशिला बताते हुए शिक्षा के माध्यम से सामाजिक विषमताओं को दूर करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने अपने वक्तव्य में नेशनल लिटरेसी मिशन, भारत ज्ञान विज्ञान समिति तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) की भूमिका को रेखांकित करते हुए शिक्षा के माध्यम से जागरुक एवं सक्षम समाज के निर्माण पर विशेष जोर दिया।
अपने विचारों में उन्होंने राष्ट्र निर्माण में युवाओं एवं महिलाओं की भूमिका, नेपाल की शिक्षा व्यवस्था, विभिन्न जन आंदोलनों, उत्तराखंड के इतिहास तथा पर्यावरण संरक्षण (जल, जंगल, जमीन) जैसे विषयों पर सारगर्भित एवं प्रेरणादायी चर्चा की। उन्होंने सामाजिक उत्तरदायित्व (Social Responsibility) एवं विद्यार्थियों के कर्तव्यों पर विशेष बल देते हुए उन्हें जागरुक, संवेदनशील एवं उत्तरदायी नागरिक बनने के लिए प्रेरित किया।
सेमिनार में विभिन्न शोधार्थियों अंजय कुमार मिश्रा, पूनम नेगी, विवेक जोशी, लता पाण्डेय एवं नेहा जोशी द्वारा अपने शोध पत्र प्रस्तुत किए गए, जो अत्यंत ज्ञानवर्धक एवं विषयानुकूल रहे। कार्यक्रम के अंतर्गत भारत ज्ञान विज्ञान समिति द्वारा प्रकाशित पत्रिका “समता स्मारिका–2026 (हमारा कारवाँ)” का विधिवत विमोचन किया गया। साथ ही “Future of India – We Want a Better Tomorrow” विषयक पोस्टर का भी विमोचन किया गया। इस अवसर पर अतिथियों को शॉल एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर ससम्मान अभिनंदित किया गया।
कार्यक्रम के अंत में प्राचार्य महोदय द्वारा धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया गया, जिसमें उन्होंने सभी अतिथियों, प्रतिभागियों एवं आयोजन समिति के प्रति आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में बाल विकास विभाग से प्रभारी CDPO शशि कला टम्टा, पूर्व छात्र नवल रावत एवं गोविन्द कनवाल सहित अन्य गणमान्य व्यक्तियों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
इस कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण डॉ. रेनू जोशी, डॉ. कमलेश कुमार, सिद्धार्थ गौतम, धर्मेंद्र नेगी, दीपक कुमार एवं रेनू असगोला तथा अन्य कर्मचारीगण के साथ-साथ बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं की उत्साहपूर्ण एवं गरिमामयी उपस्थिति रही, जिसने कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम का कुशल संचालन रेनू असगोला एवं डॉ. हेमन्त कुमार बिनवाल द्वारा किया गया।
अंत में कार्यक्रम का समापन भोजनावकाश के साथ हुआ। यह सेमिनार शैक्षिक एवं सामाजिक दृष्टि से अत्यंत उपयोगी, ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायी सिद्ध हुआ।



