अंकिता भण्डारी को न्याय दिलाने के लिए भिकियासैंण में सड़कों पर उतरे सैकड़ों लोग, उक्रांद के नेतृत्व में हुआ विरोध प्रदर्शन।
भिकियासैंण (अल्मोड़ा)। अंकिता भण्डारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर उत्तराखंड क्रांति दल के नेतृत्व में विभिन्न संगठनों से जुड़े सैकड़ों लोग तहसील मुख्यालय भिकियासैंण में सड़कों पर उतर आए। जुलूस जीआईसी गेट से शुरु होकर बडियाली होते हुए तहसील गेट तक नारेबाजी के साथ पहुंचा। इसके बाद भिकियासैंण बडियाली तिराहे पर एक जनसभा आयोजित की गई।
जनसभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि अंकिता भण्डारी के आखिरी वीडियो में उसने स्पष्ट कहा था कि उस पर किसी वीआईपी को स्पेशल सर्विस देने का दबाव बनाया जा रहा है और वह वीडियो में फूट-फूटकर रोती हुई दिखाई दे रही थी। वक्ताओं का कहना था कि उसी समय से मामले में बड़े षड्यंत्र की आशंका हो गई थी, जब यमकेश्वर की विधायक रेनू बिष्ट द्वारा वनंत्रा रिजॉर्ट के उस हिस्से को बुलडोजर से ध्वस्त करा दिया गया, जहां से इस प्रकरण से जुड़े अहम सबूत मिल सकते थे। उस रिजॉर्ट को तोड़ने का आदेश किसके द्वारा दिया गया, यह आज भी रहस्य बना हुआ है।
वक्ताओं ने कहा कि अब उर्मिला सनावर का वीडियो सार्वजनिक होने के बाद मामले की सच्चाई सामने आ गई है। आज पूरे प्रदेश में जनता अंकिता को न्याय दिलाने के लिए सड़कों पर है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रभारी दुष्यंत कुमार गौतम, अजय कुमार और यमकेश्वर की विधायक रेनू बिष्ट सहित मामले में शामिल सभी दोषियों के खिलाफ संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज नहीं किया जाता, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा।
बैठक का संचालन जगत सिंह बिष्ट द्वारा किया गया।
सभा को आनंद नाथ गोस्वामी, जगत पाल सिंह नेगी, तुला सिंह तड़ियाल, प्रयाग दत्त शर्मा, नंदन सिंह रावत, वीरेंद्र सिंह बंगारी, गणेश अधिकारी, गणेश नाथ, राकेश बिष्ट सहित दर्जनों लोगों ने संबोधित किया।
सभा में मुख्य रुप से संजय बंगारी, महिपाल सिंह बिष्ट, पुष्कर बंगारी, हरीश पुजारी, प्रहलाद बंगारी, बलवंत सिंह मनराल, खीम सिंह जीना, निखिलेश बिष्ट, नरेंद्र कन्याल, चम्पा देवी, नीमा देवी, लक्ष्मी देवी आदि मौजूद रहे।
रिपोर्टर- रिया सोलीवाल








