संविदा कर्मियों को हटाए जाने के विरोध में धरना किया गया आरंभ।
भिकियासैंण। उत्तराखंड जल संस्थान पौड़ी डिवीजन के श्रीनगर-श्रीकोट शक्तिविहार से संविदा श्रमिक संघ उत्तराखंड प्रदेश द्वारा 38 कर्मचारियों को विभाग द्वारा हटाए जाने के विरोध में देहरादून मुख्य महा प्रबंधक कार्यालय नेहरु कॉलोनी में अनिश्चित कालीन धरना आरंभ किया गया।
संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि पौड़ी डिवीजन के श्रीनगर-श्रीकोट शक्तिविहार में पिछले 15 से 25 वर्षों से पेयजल जैसी अति आवश्यक सेवा में कार्य कर रहे 38 कर्मचारियों को नौकरी से पौड़ी के अधीक्षण अभियंता द्वारा ठेकेदार के साथ मिल कर हटा दिया गया है।

आज सभी कर्मचारियों के सम्मुख रोजी रोटी का संकट खड़ा हो गया है। इस विषय में संगठन ने लगातार वार्ता एवं पत्राचार से समाधान करने की कोशिश की लेकिन अधीक्षण अभियंता ने एक भी नहीं सुनी और सहायक अभियंता को वहां भेज कर कर्मचारियों को हटा दिया।
इसलिए प्रदेश संगठन ने मुख्य महाप्रबंधक को अल्टीमेटम दिया था कि 31जुलाई तक हटाए गए कर्मचारियों को उनके स्थान पर यथावत नहीं रखा गया तो संगठन देहरादून मुख्यालय में बिना लिखित सूचना के धरना देने को बाध्य होगा, जिसके तहत यहाँ अनिश्चितकालीन धरना शुरु हो गया है।इस मौके पर पदाधिकारी प्रदेश संरक्षक गणेशनाथ गोस्वामी, प्रदेश अध्यक्ष संजय कुमार, प्रदेश महामंत्री मंगलेश लखेड़ा, प्रदेश कोषाध्यक्ष श्याम सिंह, प्रदेश प्रचार मंत्री पूर्ण चंद चौबे, कुमाऊं मंडल अध्यक्ष गोविन्द आर्य, गढ़वाल मंडल अध्यक्ष चन्द्रमोहन खत्री, गढ़वाल मंडल कोषाध्यक्ष आशीष द्विवेदी, शाखा अध्यक्ष पौड़ी सुरजीत डोबरियाल, पुष्कर टम्टा, कृष्ण, गीता, पिंकी, भरत, दीपक, स्तर पुंडीर, बलवीर, जसवीर, राधा पाठक, शंभू पोखरियाल, विनोद पटवाल, यसवंत आदि शामिल है।
रिपोर्टर- रिया सोलीवाल























