SSP नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. की अपराध समीक्षा गोष्ठी: ड्यूटी में लापरवाही और नशे पर सख्त रुख, जवाबदेही तय।
‘टोका-टोकी’ रणनीति, डिजिटल पुलिसिंग, नशे की सप्लाई चेन तोड़ने के निर्देश; 42 पुलिसकर्मी सम्मानित।
नैनीताल। जनपद नैनीताल में कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने, पुलिसिंग को हाई-टेक करने और अपराधियों के विरुद्ध जीरो-टॉलरेंस की नीति अपनाने हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने पुलिस लाइन नैनीताल सभागार में ‘मासिक अपराध समीक्षा गोष्ठी’ का आयोजन किया।
गोष्ठी से पूर्व आयोजित ‘कर्मचारी सम्मेलन’ में एसएसपी ने पुलिसकर्मियों की समस्याओं को सुना और उनके त्वरित निस्तारण के आदेश दिए।
एसएसपी नैनीताल ने जनपद की सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस कार्यप्रणाली को लेकर अत्यंत महत्वपूर्ण और कड़े निर्देश जारी किए –
■ सक्रिय पुलिसिंग और ‘टोका-टोकी’ रणनीति: रात्रि गश्त के दौरान तैनात सभी कर्मियों को ड्यूटी से पहले विस्तार से ब्रीफ किया जाएगा। गश्त के दौरान संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ‘टोका-टोकी’ की प्रक्रिया को प्रभावी रुप से लागू किया जाए।
■ अराजक तत्वों पर नकेल: रात के समय अनावश्यक घूमने वाले अराजक तत्वों, शराबियों और उत्पात मचाने वालों पर कड़ी नजर रखी जाएगी। सार्वजनिक सुरक्षा के मद्देनजर रात्रि 11:00 बजे के बाद किसी भी दुकान को खोलने की अनुमति नहीं होगी। इस हेतु स्थानीय व्यापार मंडल से समन्वय बनाएं।
■ डिजिटल पुलिसिंग और ‘ई-बीट बुक’: पुलिसिंग को आधुनिक बनाने हेतु सभी कर्मियों के लिए ‘ई-बीट बुक ऐप’ अनिवार्य कर दिया गया है। प्रत्येक हेड कांस्टेबल (HC) इसके माध्यम से ही अपना डेटा प्रविष्टि और सत्यापन कार्य सुनिश्चित करेगा। साथ ही, ASI और उससे ऊपर के अधिकारी डिजिटल साक्ष्य हेतु ‘ई-साक्ष्य आईडी’ का प्रयोग करेंगे।
■ नशे के विरुद्ध कार्यवाही: नशे के सौदागरों और तस्करों की पूरी ‘सप्लाई चेन’ को तोड़ने के निर्देश दिए गए हैं। चिन्हित तस्करों के विरुद्ध व्यापक स्तर पर धरपकड़ शुरु की जाए।
■ अपराधियों पर आक्रामक प्रहार: सभी क्षेत्राधिकारियों को पुराने अपराधियों की हिस्ट्रीशीट खोलकर उनकी नियमित निगरानी (Surveillance) और परेड सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। आदतन अपराधियों के विरुद्ध गुंडा एक्ट और गैंगस्टर एक्ट की वैधानिक कार्यवाही के निर्देश दिए।
■ सोशल मीडिया पर नजर: कानून व्यवस्था बिगाड़ने वाली या आपत्तिजनक पोस्ट करने वालों के विरुद्ध धारा 107/116 के तहत कठोर कार्रवाई करें।
■ अनुशासन और मर्यादा: ड्यूटी के दौरान वर्दी की मर्यादा सर्वोपरि है। वर्दी में अनुशासनहीनता कतई बर्दाश्त नहीं होगी। सभी थाना प्रभारियों और जोनल अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे ड्यूटी पर तैनात कर्मियों की समय-समय पर एल्कोमीटर (Alcometer) से चेकिंग करें। नशे का सेवन पाए जाने पर तत्काल दंडात्मक कार्रवाई होगी।
■ सभी पुलिसकर्मियों (विशेषकर ASI से ऊपर के रैंक के अधिकारियों) के लिए ड्यूटी के दौरान अपने हथियार (Weapon) और वायरलेस हैंडसेट साथ रखना अनिवार्य किया गया है।
■ CCTNS कार्य: सभी थानों को निर्देशित किया गया है कि CCTNS पर समस्त कार्यों को अनिवार्य रुप से ऑनलाइन किया जाए।
■ जवाबदेही और जनता के प्रति व्यवहार: एसएसपी ने स्पष्ट किया कि किसी भी क्षेत्र में अव्यवस्था पाए जाने पर संबंधित बीट कांस्टेबल और हल्का इंचार्ज को सीधे तौर पर जिम्मेदार माना जाएगा। पुलिसिंग को अधिक प्रोफेशनल बनाने और चौराहों पर पुलिस विजिबिलिटी बढ़ाने के निर्देश दिए गए। साथ ही, जनता के साथ व्यवहार अत्यंत मर्यादित और सहयोगी रखने पर जोर दिया गया।
■ गोष्ठी में DGC क्राइम सुशील शर्मा द्वारा सभी पुलिस अधिकारियों के साथ विस्तृत वार्ता की गई। उन्होंने कानूनी प्रक्रियाओं को और अधिक प्रभावी बनाने पर जोर दिया। कोर्ट की कार्यवाही में आने वाली व्यवहारिक दिक्कतों और रिमांड की प्रक्रिया के दौरान उत्पन्न होने वाली समस्याओं पर गहन चर्चा की गई।
■ नए कानूनों की जानकारी: संयुक्त निदेशक (विधि) हीरा सिंह राणा द्वारा उपस्थित अधिकारियों को नए कानूनों और धाराओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने विशेष रुप से BNS की धारा 47 के प्रावधानों को समझाया।
42 पुलिसकर्मियों को किया सम्मानित:
पुलिस बल का मनोबल बढ़ाने हेतु एसएसपी नैनीताल ने सराहनीय और उत्कृष्ट कार्य करने वाले 42 पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया, जिनमें व.उ.नि. रोहिताश सागर, व.उ.नि. दीपक बिष्ट, एस.एस.आई. गगनदीप सिंह, उ.नि. शंकर नयाल, उ.नि. गौरव जोशी, उ.नि. जगदीप नेगी, उ.नि. हर्ष पाल, उ.नि. पुलिस संचार नवीन लाल चिन्याल, उ.नि. ना.पु. महेन्द्र राज, अपर उ.नि. महिमन कुमार, अ.उ.नि. ना.पु. गणेश सिंह राणा, अ.उ.नि. प्रेम सिंह, अ.उ.नि. सूरज सिंह, हे.का. इसरार नबी, हे.का. त्रिलोक सिंह, हे.का. आदि राज, हे.का. महेन्द्र मेहता, कानि. धीरज सुगड़ा, कानि. चारु जोशी, कानि. अमनदीप सिंह, कानि. सुनील कुमार, कानि. ना.पु. कपूर राणा, कानि. राजकुमार कम्बोज, कानि. रंजीत सिंह, का. रोहित टम्टा, कानि. स.पु. मोहन लाल, कानि. योगेश जोशी, कानि. प्रीतम खाती, कानि. विनोद मौर्या, कानि. स.पु. मनोज पंत, कानि. ना.पु. बलजीत राणा, कानि. 744 राजवीर सिंह, कानि. दिलशाद अहमद, महिला कानि. रमा गिरी, महिला कानि. सुनीता रेखाड़ी, म. फायरमैन भावना कार्की, म. फायरमैन गरीमा बिष्ट, फायरमैन किशोर फर्तयाल, फायरमैन चालक, आरक्षी जितेंद्र, होमगार्ड डिगर सिंह, अनुचर सईद शामिल रहे।
गोष्ठी के दौरान एसपी नैनीताल डॉ. जगदीश चन्द्र, एसपी हल्द्वानी मनोज कुमार कत्याल, एसपी संचार रेवाधर मठपाल, संयुक्त निदेशक, विधि हीरा सिंह राणा, सीओ हल्द्वानी अमित कुमार, सीओ रामनगर सुमित पांडे, सीओ नैनीताल रविकांत सेमवाल, मुख्य अग्निशमन अधिकारी गौरव किरार, सीओ (प्रशिक्षु) विनय सिंह, सीओ (प्रशिक्षु) अंकित थपलियाल, DGC क्राइम सुशील शर्मा, प्रतिसार निरीक्षक हरकेश सिंह, निरीक्षक एलआईयू ज्ञानेंद्र शर्मा, प्रतिसार निरीक्षक पुलिस दूरसंचार राजकुमार बिष्ट समेत सभी थाना/चौकी/शाखा/यातायात/सीपीयू प्रभारी/पीएसी प्रभारी/SDRF प्रभारी एवं पुलिस कर्मी उपस्थित रहे।



