आजीविका के अवसरों से आर्थिक व पर्यावरणीय स्थिरता पर जागरुकता बढ़ाने की पहल।
चौखुटिया (अल्मोड़ा)। विकासखंड चौखुटिया के ग्राम पंचायत धुधलिया मनराल महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण एवं आजीविका संवर्धन के उद्देश्य से “आजीविका के अवसरों के माध्यम से आर्थिक एवं पर्यावरणीय स्थिरता” विषय पर एक कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम उत्तराखंड राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (यूकोस्ट) एवं मानसखंड हिमालयन हेरिटेज सोसाइटी के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ।
कार्यशाला में मुख्य प्रशिक्षक गीता बिष्ट ने ग्रामीण उद्यमिता को बढ़ावा देने के विभिन्न उपायों पर विस्तार से जानकारी दी और ग्रामवासियों को उपलब्ध संभावनाओं से अवगत कराया। वहीं, विषय विशेषज्ञ तरुण ने महिलाओं को उद्यमिता विकास, स्वरोजगार के अवसरों तथा ग्रामीण आजीविका को सुदृढ़ करने के विविध पहलुओं पर मार्गदर्शन दिया।
वक्ताओं ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि आजीविका के अवसरों के माध्यम से पर्यावरणीय स्थिरता को कैसे मजबूत किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि स्थानीय संसाधनों का सतत एवं प्रभावी उपयोग कर महिलाएं छोटे-छोटे उद्यम स्थापित कर आर्थिक रुप से सशक्त बन सकती हैं।
कार्यक्रम में उपस्थित ग्राम प्रधान रेखा देवी ने कार्यशाला की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार की पहल ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में अत्यंत सहायक और प्रेरणादायक है।
कार्यशाला में ग्राम की अनेक महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और स्वरोजगार एवं आजीविका के नए अवसरों के प्रति जागरुकता प्राप्त की। कार्यक्रम का संचालन नवीन सिंह द्वारा किया गया। साथ ही, स्वयं सहायता समूह की अध्यक्ष लक्ष्मी रावत, गोपाल सिंह सहित अन्य ग्रामीणों का सहयोग कार्यक्रम को सफल बनाने में सराहनीय रहा।
रिपोर्टर – रिया सोलीवाल










