“ड्रग्स फ्री देवभूमि” मिशन में SSP नैनीताल का सख्त संदेश—अब कोई नहीं बचेगा।
महिला तस्कर 132 ग्राम स्मैक के साथ गिरफ्तार, पुलिस टीम सम्मानित; तीन माह में 2.66 करोड़ की स्मैक बरामद।
हल्द्वानी (नैनीताल)। मुख्यमंत्री उत्तराखंड के “ड्रग्स फ्री देवभूमि” मिशन को साकार करने हेतु एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टी.सी. द्वारा जनपद में लगातार प्रभावी कार्रवाई कराई जा रही है। युवाओं को नशे के चंगुल से बचाने के उद्देश्य से जनपद में सघन चेकिंग अभियान चलाते हुए ड्रग्स माफियाओं पर सतर्क दृष्टि रखी जा रही है तथा सभी थाना प्रभारियों व एसओजी टीम को लगातार कड़ी कार्रवाई हेतु निर्देशित किया गया है।
इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक हल्द्वानी मनोज कुमार कत्याल एवं क्षेत्राधिकारी हल्द्वानी अमित कुमार के पर्यवेक्षण में तथा प्रभारी निरीक्षक कोतवाली हल्द्वानी विजय मेहता के नेतृत्व में नशे के सौदागरों को गिरफ्तार करने व नशे की प्रवृत्ति पर रोकथाम लगाने हेतु दिए गए निर्देश के क्रम में दिनांक 27 मार्च 2026 को एफटीआई गेट के पास चेकिंग के दौरान अभियुक्ता को 132 ग्राम स्मैक तस्करी करते हुए गिरफ्तार किया गया है।
उक्त को गिरफ्तार कर 8/21/60 एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत कोतवाली हल्द्वानी में 105/26 अभियोग पंजीकृत किया गया है। अभियुक्ता को अग्रिम वैधानिक कार्रवाई हेतु न्यायालय में पेश किया जाएगा।
गिरफ्तार अभियुक्ता:
जोया खान पत्नी मजहर आलम, उम्र 30 वर्ष, निवासी फ्रेंड्स कॉलोनी, गौजाजाली, थाना बनभूलपुरा, जनपद नैनीताल
बरामदगी में:
132 ग्राम स्मैक
कीमत:
लगभग 36 लाख, 30 हजार रुपये
आपराधिक इतिहास:
● मु.अ.सं. 197/24, धारा 420 भादवि, थाना हल्द्वानी
● मु.अ.सं. 166/24, धारा 420 भादवि, थाना मुखानी
एसएसपी नैनीताल ने पुलिस टीम को उत्साहवर्धन हेतु 2,000/- रुपये के इनाम से पुरस्कृत किया है।
गिरफ्तारी टीम में:
● उ.नि. भूपेंद्र सिंह मेहता, कोतवाली हल्द्वानी
● उ.नि. मनोज कुमार, चौकी टीपी नगर
● का. तारा सिंह, चौकी टीपी नगर
● म.का. अनिता फुलेरिया, कोतवाली हल्द्वानी शामिल रहे।
इस वर्ष 3 माह में अब तक नशा तस्करों की धरपकड़ करते हुए कुल 14 मामले दर्ज कर 18 तस्करों (02 महिला) को सलाखों के पीछे डालकर 2 करोड़, 66 लाख, 30 हजार की 901.242 ग्राम स्मैक बरामद की जा चुकी है।
“SSP नैनीताल का स्पष्ट संदेश है कि जनपद में नशे का कारोबार किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”
साथ ही ड्रग्स तस्करों की अवैध संपत्ति के विरुद्ध जब्तीकरण (अटैचमेंट) की कार्रवाई भी लगातार की जा रही है, जिससे नशे के नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त किया जा सके।



