लोक संस्कृति के रंग में रंगा ककलासों महोत्सव, दो दिवसीय आयोजन का भव्य समापन।
बारिश भी नहीं डिगा सकी दर्शकों का उत्साह, छोलिया नृत्य और लोकगीतों ने बांधा समां।
भिकियासैंण (अल्मोड़ा)। अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज चौनलिया के खेल मैदान में आयोजित दो दिवसीय ककलासों महोत्सव का रविवार को रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों और पुरस्कार वितरण समारोह के साथ भव्य समापन हो गया। महोत्सव के दूसरे दिन भी उत्तराखण्ड की समृद्ध लोक संस्कृति की झलक देखने को मिली, जहां कलाकारों और स्कूली बच्चों की प्रस्तुतियों ने दर्शकों का मन मोह लिया।
समापन समारोह के मुख्य अतिथि विधायक डॉ. प्रमोद नैनवाल रहे, जिन्होंने विभिन्न प्रतियोगिताओं एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कलाकारों, स्कूली बच्चों, पंचायत जनप्रतिनिधियों तथा विभिन्न क्षेत्रों से आए लोगों को सम्मानित किया।
महोत्सव के दौरान हिमाद्री नट कला समिति अल्मोड़ा के टीम लीडर नवीन कुमार के निर्देशन में कलाकारों ने पारंपरिक छोलिया नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति देकर दर्शकों की खूब वाहवाही बटोरी। वहीं स्कूली बच्चों सहित रामगंगा सांस्कृतिक समिति अल्मोड़ा के कलाकारों ने भी अपनी शानदार प्रस्तुतियों से कार्यक्रम को यादगार बना दिया।
लोक संस्कृति के इस उत्सव में प्रसिद्ध लोक गायक शिवदत्त पंत, पन्नू गुसाईं, दीपा पंत, रमेश गोस्वामी और प्रकाश काला सहित कई कलाकारों ने उत्तराखण्ड की लोक परंपराओं एवं सांस्कृतिक विरासत पर आधारित गीतों और प्रस्तुतियों से समां बांध दिया।
कार्यक्रम के दौरान कुछ समय के लिए बारिश ने व्यवधान डालने का प्रयास किया, लेकिन दर्शकों का उत्साह कम नहीं हुआ। लोग छातों का सहारा लेकर पूरे कार्यक्रम में डटे रहे और कलाकारों का उत्साहवर्धन करते रहे।
दो दिनों तक चले इस महोत्सव ने न केवल क्षेत्रीय एकता को मजबूत किया बल्कि उत्तराखण्ड की लोक संस्कृति, लोक कला और परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का भी सफल प्रयास किया।
इस अवसर पर ककलासों एकता मंच के अध्यक्ष बलराज नेगी सहित मोहन सिंह बिष्ट, दिगम्बर सिंह, किरण पाण्डेय, लीला बिष्ट, डॉ. प्रमोद कुमार दुर्गापाल, गिरीश कड़ाकोटी, कुबेर सिंह, मदन कठायत, गौरव पंत, सतीश नेगी, वरुण, दिवान सिंह, ब्लॉक प्रमुख दिगम्बर सिंह, दर्शन कड़ाकोटी, एन.आर. आर्या, कुन्दन प्रकाश, दिवान चन्द्र, मोहनी देवी, कविता भंडारी, सुंदर सिंह, कमल ध्यानी, दिवान भंडारी, संजय डोर्बी, रोहित भण्डारी, अक्षत नैनवाल, नन्द किशोर, जगत राम, नीरज बिष्ट सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे।



